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Thursday, 30 October 2025

अनुशासन के दस अपरंपरागत ( रुढ़ि-विरुद्ध) नियम

अनुशासन के दस अपरंपरागत ( रुढ़ि-विरुद्ध) नियम

1. जीवन किसी की प्रतीक्षा नहीं करता !
      टालमटोल प्रगति का शत्रु है।

  2. अपना ध्यान रखें !                                         
       ऐसी गतिविधियों के लिए समय निकालें जो आपके शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को बढ़ावा दें।
3. अपने सपनों का जीवन जीने का प्रयास करें !
     अपने जीवन के निर्माता स्वयं बनें ।                                                                                         
4. शांतिपूर्वक काम करें और एकांक उत्सव मनाएँ !
   अपने लक्ष्यों और उपलब्धियों पर ध्यान केंद्रित करें।

5. अपने अतीत पर पछतावा न करें !
   अपने पिछले अनुभवों को विकास के अवसर के रूप में उपयोग करें।

6. वास्तव में किसी को परवाह नहीं हैं !
    अपने आत्म-मूल्य के लिए दूसरों पर निर्भर मत रहो।

7. उन लोगों से सलाह लें जो आपके पथ पर चले हैं!
   उन लोगों से सीखें जिन्होंने वह प्राप्त किया है जिसको आप पाने की आकांक्षा रखते हैं।

8. अपनी भावनाओं पर नियंत्रण रखें !
    भावनात्मक बुद्धिमत्ता विकसित करें ।

9. दूसरों से सीखें !
   अपनी प्रगति को गति देने के लिए दूसरों का अवलोकन करें।

10. अपने काम से काम रखें !
      आंतरिक शांति और संतुष्टि की भावना विकसित करें।

साभार Master discipline in wealth with the IILIFE Legacy Wealth Masterclass: iilife.live/masterclas

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